सेबी द्वारा बताया गया कि रूपाणी के एचयूएफ का पैन चुनाव आयोग की वेबसाइट पर उनके हलफनामे में दिए गए पैन से मिलता था। 27 अक्टूबर को 31 पन्ने के आदेश में महाप्रबंधक और निर्णायक अधिकारी रचना आनंद ने कहा, 'नोटिस पाने वालों पर उल्लंघन का आरोप साबित हो चुका है और यह गंभीर उल्लंघन है। मैं मानती हूं कि उनमें से पहले से 20वें नंबर तक के निकायों पर सेबी कानून की धारा 15 एचए के अंतर्गत जुर्माना लगना चाहिए।

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गुजरात सीएम विजय रूपाणी की कंपनी पर सेबी ने लगाया 15 लाख का जुर्माना

Published Date 2017/11/09 04:50, Written by- FirstIndia Correspondent

नई दिल्ली। गुजरात चुनाव से पूर्व गुजरात के मुख्यमंत्री विजय रूपाणी को बड़ा झटका लगा है। सेबी ने उनकी कंपनी हिंदू अविभाजित परिवार पर पर 15 लाख का जुर्माना लगाया है। रूपाणी की इस कंपनी पर सारंग केमिकल्स की कंपनी के साथ व्यापार में हेर-फेर का आरोप लगाया है। उनके अलावा कुल 22 कंपनियों पर जुर्माना लगाया गया है। 

सेबी को जांच में पता चला कि ये सभी 22 संस्थाएं और खाते एक-दूसरे से जुड़े हुए हैं और इन कंपनियों ने निवेशकों को आकर्षित करने के लिए एक-दूसरे के शेयरों का व्यापार किया। इन सभी पर कुल 6.9 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया है। सेबी के मुताबिक जनवरी 2011 से लेकर जून 2011 के बीच विजय रूपाणी की कंपनी ने हेर-फेर किया है। विजय रूपाणी को ये जुर्माना 45 दिनों में देना होगा।

सेबी ने अपने आदेश में कहा कि जिन इकाइयों को नोटिस भेजे गए हैं, उन्होंने निवेशकों को आकर्षित करने के लिए एक-दूसरे के साथ बड़ी मात्रा में शेयर का कारोबार शुरू किया था। जब दूसरे निवेशकों ने इस फर्जी कारोबार से आकर्षित होकर इसमें पैसा लगाया तो समूह की कुछ इकाईयों ने बढ़ी हुई कीमतों पर शेयरों की बिक्री शुरू कर दी। इस तरह का कारोबार व्यवहार स्पष्ट रूप से अनुचित उद्देश्य दर्शाता है।

सेबी द्वारा बताया गया कि रूपाणी के एचयूएफ का पैन चुनाव आयोग की वेबसाइट पर उनके हलफनामे में दिए गए पैन से मिलता था। 27 अक्टूबर को 31 पन्ने के आदेश में महाप्रबंधक और निर्णायक अधिकारी रचना आनंद ने कहा, 'नोटिस पाने वालों पर उल्लंघन का आरोप साबित हो चुका है और यह गंभीर उल्लंघन है। मैं मानती हूं कि उनमें से पहले से 20वें नंबर तक के निकायों पर सेबी कानून की धारा 15 एचए के अंतर्गत जुर्माना लगना चाहिए।

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