पंचायती राज चुनाव: 21 और 22 अक्टूबर को बीजेपी में बैठकों का दौर, 17 जिलों के उम्मीदवारों के नाम होंगे फाइनल

जयपुर: पंचायती राज चुनाव को लेकर 21 और 22 अक्टूबर को बीजेपी प्रदेश मुख्यालय में बैठकों का दौर फिर से शुरू होगा.सीएम भजनलाल शर्मा की मौजूदगी इन बैठकों में रहने वाली है.बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़,संगठन महामंत्री अजेय कुमार होंगे शामिल.संभाग और जिला प्रभारी से आए पैनल पर अंतिम मंथन होगा.भाजपा प्रदेश मुख्यालय में बैठकों का दौर चलेगा. पंचायत राज चुनाव में टिकटों का काउंटडाउन जारी है. 

तीसरे चरण से जुड़े जिलों को लेकर बीजेपी प्रदेश मुख्यालय में 21 और 22 अक्टूबर को बैठकें होगी इनमें अजमेर संभाग के ब्यावर,डीडवाना कुचामन,टोंक जिले, उदयपुर संभाग के प्रतापगढ़, चितौड़ और सलूंबर जिले, बीकानेर संभाग के चूरू, हनुमानगढ़ और श्रीगंगानगर जिले, जयपुर संभाग के खैरथल तिजारा जिले, जोधपुर संभाग के बालोतरा जिले, कोटा संभाग के बारां और बूंदी जिलों की बैठकें होगी. 22अक्टूबर को 4 जिलों की बैठकें भरतपुर संभाग के भरतपुर,डीग,धौलपुर और सवाईमाधोपुर जिलों की बैठकें होगी. जिला परिषद और पंचायत समिति उम्मीदवारों के नाम तय होंगे.

तृतीय चरण क्यों खास:
-बीजेपी का इन जिलों में आने वाले विधानसभा क्षेत्रों में वर्चस्व 
-इन जिलों में आने 90फीसदी विधानसभा क्षेत्रों में बीजेपी के विधायक
-नए बने जिलों ब्यावर,डीडवाना कुचामन,डीग और सलूंबर में बीजेपी का कमल खिले ये अहम रहेगा
-बारां जिला बीजेपी के लिए चुनौतीपूर्ण रहने वाला है
-यहां कांग्रेस के साथ मुकाबला रहेगा नरेश मीणा - बहुजन समाज पार्टी से
-आम आदमी पार्टी ने निकाय चुनाव बीजेपी को चौंकाया था
-कुछ माह पहले ही बीजेपी ने अन्ता विधानसभा सीट उपचुनावों में गंवा दी थी
-डीडवाना में एक बार यूनुस खान के साथ बीजेपी का गठजोड़ हो सकता है
-सलूंबर और प्रतापगढ़ में बीजेपी का मुकाबला कांग्रेस के साथ साथ भारतीय आदिवासी पार्टी से होगा
-सलूंबर विधानसभा के उप चुनाव में बीजेपी ने करीबी अंतर से BAP को हरा कर सीट अपने पास बमुश्किल बरकरार रखी थी
-भरतपुर में निकाय चुनाव में किए बेस्ट प्रदर्शन को दोहराने की चुनौती बीजेपी के सामने होगी
-सीएम भजन लाल शर्मा का गृह क्षेत्र भी है भरतपुर जिला
-अब इन 17अधिक से अधिक जिला प्रमुख और प्रधान बनाना लक्ष्य रहेगा 

बहरहाल इन बैठकों से पहले ही बीजेपी ने टिकट चयन की कवायद काफी कुछ पूरी कर ली है.लिहाजा संभाग जिला प्रभारियों ने पैनल तैयार कर लिए है.खास बात दो पूर्व बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष दो संभाग देख रहे अजमेर संभाग का दायित्व है अरुण चतुर्वेदी के पास और भरतपुर संभाग संभाल रहे अशोक परनामी.सीएम भजन लाल शर्मा ने पहले और दूसरे चरण में भी मैराथन बैठकें लेकर टिकट चयन पर अंतिम मुहर लगाई थी अब एक बार फिर सीएम, बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष मदन राठौड़ और संगठन महामंत्री अजेय कुमार टिकट चयन की प्रक्रिया को अमलीजामा पहनाएंगे.

चुनावी बैठकों में सीएम की मौजूदगी क्यों है खास: 
-सीएम भजन लाल शर्मा को बीजेपी संगठन की व्यापक नॉलेज
-आंचलिक देहात के कार्यकर्ता की प्रोफाइल से वे पूरी तरह वाकिफ
-स्थानीय सियासत और जातीय ताने बाने की जानकारी
-सीएम की मौजूदगी से बैठकों में आने वाले विवाद तुरंत सुलझ जाते है
-सीएम से प्राप्त निर्देशों को लेकर स्थानीय नेता अपने क्षेत्रों में जाते है
-आपसी गुटबाजी के बजाए एकता होती है प्रदर्शित