नई दिल्ली : भारत की अर्थव्यवस्था ने दमदार रफ्तार दिखाई है. वित्त वर्ष 2025-26 में 7.7% की दर से देश की GDP बढ़ी. अनुमान के मुकाबले आर्थिक विकास दर ज्यादा रही. वित्त वर्ष 2025-26 की चौथी तिमाही (जनवरी-मार्च) में GDP ग्रोथ 7.8% रही. औद्योगिक क्षेत्र में 8.8% और सेवा क्षेत्र में 9.3% की मजबूत वृद्धि रही.
कृषि व अन्य प्राथमिक क्षेत्रों में 3.2% की बढ़ोतरी हुई. उपभोक्ता खर्च (PFCE) और पूंजी निवेश (GFCF) दोनों में 7.5% से अधिक की वृद्धि हुई. Q4 में GFCF 10.8% और PFCE 7.1% बढ़ा. RBI ने FY27 के लिए GDP अनुमान घटाया. RBI ने रेपो रेट 5.25% पर बरकरार रखा है.
मौद्रिक नीति का रुख (स्टांस) 'न्यूट्रल' रखा गया है. FY27 के लिए GDP ग्रोथ अनुमान 6.9% से घटाकर 6.6% किया है. CPI महंगाई अनुमान 4.6% से बढ़ाकर 5.1% किया गया. कमर्शियल LPG, बेस मेटल्स, प्लास्टिक, रबर समेत कच्चे माल की बढ़ती कीमतों पर चिंता है.
महंगाई दबाव बढ़ने की आशंका के बीच RBI ने सतर्कता जताई. एक तरफ FY26 में GDP ग्रोथ 7.7% रही. वहीं RBI ने FY27 के लिए विकास दर का अनुमान घटाकर 6.6% किया. मजबूत उपभोग, निवेश और सेवा क्षेत्र के दम पर भारतीय अर्थव्यवस्था ने तेज विकास दर बरकरार रखी.