जयपुर : ज्येष्ठ अधिकमास का 15 जून को समापन होगा. इसके साथ ही मांगलिक कार्य फिर से शुरू हो जाएंगे. करीब एक माह बाद शहर में फिर से शहनाइयां गूंजेंगी. देवशयनी एकादशी (25 जुलाई) तक करीब 18 दिन विवाह होंगे.
इसमें 17 दिन पंचागीय विवाह मुहूर्त रहेंगे. 22 जुलाई को भडल्या नवमी का अबूझ सावा है. इसके बाद करीब 4 माह के लिए मांगलिक कार्यों पर विराम लगेगा.
ज्येष्ठ अधिकमास का 15 जून को समापन
इसके साथ ही मांगलिक कार्य फिर से हो जाएंगे शुरू
-करीब एक माह बाद शहर में फिर से गूंजेंगी शहनाइयां
-देवशयनी एकादशी (25 जुलाई) तक करीब 18 दिन होंगे विवाह
-इसमें 17 दिन पंचागीय विवाह मुहूर्त रहेंगे
-22 जुलाई को भडल्या नवमी का अबूझ सावा
-इसके बाद करीब 4 माह के लिए मांगलिक कार्यों पर लगेगा विराम