मानसून के तीन महीने बाद 1 अक्टूबर से फिर गुलजार होंगे टाइगर रिजर्व, सफारी ट्रैक से लेकर पेट्रोलिंग रूट तक किए गए तैयार

मानसून के तीन महीने बाद 1 अक्टूबर से फिर गुलजार होंगे टाइगर रिजर्व, सफारी ट्रैक से लेकर पेट्रोलिंग रूट तक किए गए तैयार

जयपुरः मानसून के तीन महीने बाद 1 अक्टूबर से टाइगर रिजर्व फिर गुलजार होंगे. बारिश ने जंगल का बदला रंग, हरियाली के साथ वन्यजीवों के लिए संसाधन बढ़े. जलस्रोतों में पानी, घास और प्राकृतिक चारे की उपलब्धता से वन्यजीवों को राहत. मानसून ब्रेक में सफारी ट्रैक से लेकर पेट्रोलिंग रूट तक तैयार किए गए है. नए सीजन में पर्यटकों की आमद के साथ वन्यजीव सुरक्षा पर खास जोर रहेगा. कैमरा ट्रैप, रेडियो कॉलर और तकनीकी निगरानी से बाघों की हर हलचल पर नजर रखी जाएगी.      

रणथंभौर में डिजिटल बुकिंग और सफारी प्रबंधन को ज्यादा तकनीक से जोड़ने की तैयारी है. सरिस्का में बाघों की बढ़ती आबादी के बीच नए पर्यटन क्षेत्रों पर भी नजर है. मुकुंदरा में वाटर हार्वेस्टिंग और रिवाइल्डिंग से जंगल का पर्यटन अनुभव बदलेगा. रामगढ़ विषधारी में वैज्ञानिक रीवाइल्डिंग के बाद बाघों की गतिविधियां आकर्षण रहेंगी. पांचों टाइगर रिजर्व में पर्यटन, संरक्षण और वन प्रबंधन के बीच संतुलन पर जोर है. नए सीजन में राजस्थान जंगल सफारी का संरक्षण आधारित नया मॉडल दिखाएगा.